Category: डायरी
मौन
June 4, 2026
शब्द तो यदा-कदा चुभते ही रहते हैं सबके, जब … मौन चुभ जाए किसी का तो सम्भल जाना चाहिए । (मंजू रानीवाला)
चोरी
May 28, 2026
आर्यिका विशालमति, जो आर्यिका विज्ञानमति से ज्येष्ठ हैं, ने उनसे ब्रह्मचर्य पर कुछ लिखने को कहा। बड़ी माताजी की प्रेरणा और सलाह से उन्होंने ‘शीलमञ्जूषा’
भक्ति
May 26, 2026
आचार्य श्री विद्यासागर जी (…,ऐसी प्रकृतियों का बंध होता है जो सारे बंधनों को काटने में समर्थ होती हैं।)
पुरुषार्थहीन
May 9, 2026
जिनको लगता है कि उनके फैसले रब करेगा, वे बैठे हैं कि अब करेगा-अब करेगा। (ब्र. डॉ. नीलेश भैया)
कृतघ्न
May 6, 2026
कृत = किया हुआ। हन = हंता/ विनाशक। कृतघ्न = जो किए गए उपकार को नकार दे। (कमल कांत)
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